NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
अमेरिका
यूएसः परिणाम को लेकर ट्रम्प के विवाद के चलते दक्षिणपंथी प्रदर्शनकारी कैपिटल बिल्डिंग में घुसे
कांग्रेस में इलेक्टोरल कॉलेज वोटों के गणना की औपचारिक प्रक्रिया के दौरान बड़ी संख्या में ट्रम्प समर्थक कैपिटल हिल में घुस गए। इस दौरान चार समर्थकों की मौत हो गई।
पीपल्स डिस्पैच
07 Jan 2021
यूएस

अमेरिका में सैकड़ों दक्षिणपंथी प्रदर्शनकारियों ने राजधानी वाशिंगटन डीसी में 3 नवंबर को हुए राष्ट्रपति चुनावों के परिणामों को मानने से इनकार करते हुए सुरक्षा के चार घेरो को तोड़ते हुए कैपिटल बिल्डिंग पर धावा बोल दिया। प्रदर्शनकारियों के इस इमारत में प्रवेश से निर्वाचक मंडल के 3 नवंबर के राष्ट्रपति चुनावों को लेकर वोटों के प्रमाणन की प्रक्रिया को बाधित कर दिया।

प्रतिनिधि सभा ने अचानक अपनी कार्यवाही रोक दिया जबकि सीनेट थोड़ी देर के लिए कार्यवाही को रोकने की घोषणा कर दी। सांसदों ने अस्थायी रूप से अपने कार्यालयों को खाली कर दिया और सदन में कुछ घंटों के बाद कार्यवाही शुरु हो गई।

अमेरिकी कांग्रेस के दोनों सदनों ने बुधवार 6 जनवरी को एक संयुक्त सत्र में आधिकारिक तौर पर इलेक्टोरल कॉलेज के वोटों की गणना करने के लिए आहूत किया गया था। ये गणना प्रक्रिया 14 दिसंबर 2020 को सभी राज्यों और राजधानी क्षेत्र वाशिंगटन डीसी के कुल 538 प्रतिनिधियों द्वारा कुल इलेक्टोरल कॉलेज वोटों की गिनती के लिए आयोजित किया गया।

विवादों या चर्चाओं के होने की कोई गुंजाइश नहीं होने के चलते ये गणना काफी हद तक औपचारिक है पर यह राष्ट्रपति चुनाव परिणामों को प्रमाणित करने के लिए संवैधानिक रूप से आवश्यक प्रक्रिया है। इस तथ्य के बावजूद कि परिणामों को बदलने की कोई गुंजाइश नहीं है, जिसे अब तक हर निश्चित प्राधिकारी द्वारा स्वीकार और प्रमाणित किया गया है लेकिन राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प इस चुनाव परिणाम को लेकर लगातार विवाद खड़ा किए हुए हैं।

राष्ट्रपति भवन व्हाइट हाउस के बाहर "स्टॉप द स्टील" रैली में अपने समर्थकों की भीड़ को संबोधित करते हुए, ट्रम्प ने घोषणा की "हम कभी नहीं स्वीकार करेंगे।" अपने भाषण में उन्होंने अपने दावे को दोहराया कि ये चुनाव डेमोक्रेटिक पार्टी और "फर्जी समाचार" मीडिया द्वारा "चुराया गया" था।

इन परिणामों को अस्वीकार करने के लिए ट्रम्प के आह्वान को अधिकांश रिपब्लिकन नेताओं द्वारा अस्वीकार कर दिया गया है, जिसमें उपाध्यक्ष माइक पेंस भी शामिल हैं, जिन्होंने कथित तौर पर परिणामों को अस्वीकार करने के लिए कहा था भले ही उनके पास ऐसा करने का कोई अधिकार नहीं है।

फिर भी, कांग्रेस के भीतर रिपब्लिकन पार्टी के सांसदों का एक समूह जिसमें कम से कम 14 सीनेटर और 100 से अधिक सदन के प्रतिनिधि शामिल हैं जबकि कई को अपना रुख स्पष्ट करना है वे भी इन परिणामों के खिलाफ गुस्सा दर्ज करने के लिए ट्रम्प के आह्वान में शामिल हो गए हैं। इनमें से दो जॉर्जिया के दो सीनेटर हैं जो मंगलवार को हुए निर्णायक चुनावों में डेमोक्रेट के सामने अपनी सीट हारने वाले हैं।

चूंकि मतगणना महत्वपूर्ण राज्य एरिज़ोना प्रांत से शुरू हुई थी ऐसे में रिपब्लिकन इस राज्य के परिणामों को अमान्य घोषित करने या न करने को लेकर बंटे हुए थे।

America
USA
Donand Trump
Trump Supporters
Joe Biden
us elections

Related Stories

भारत में धार्मिक असहिष्णुता और पूजा-स्थलों पर हमले को लेकर अमेरिकी रिपोर्ट में फिर उठे सवाल

बाइडेन ने यूक्रेन पर अपने नैरेटिव में किया बदलाव

और फिर अचानक कोई साम्राज्य नहीं बचा था

हिंद-प्रशांत क्षेत्र में शक्ति संतुलन में हो रहा क्रांतिकारी बदलाव

अमेरिकी आधिपत्य का मुकाबला करने के लिए प्रगतिशील नज़रिया देता पीपल्स समिट फ़ॉर डेमोक्रेसी

क्या दुनिया डॉलर की ग़ुलाम है?

छात्रों के ऋण को रद्द करना नस्लीय न्याय की दरकार है

सऊदी अरब के साथ अमेरिका की ज़ोर-ज़बरदस्ती की कूटनीति

गर्भपात प्रतिबंध पर सुप्रीम कोर्ट के लीक हुए ड्राफ़्ट से अमेरिका में आया भूचाल

अमेरिका ने रूस के ख़िलाफ़ इज़राइल को किया तैनात


बाकी खबरें

  • Gauri Lankesh pansare
    डॉ मेघा पानसरे
    वे दाभोलकर, पानसरे, कलबुर्गी या गौरी लंकेश को ख़ामोश नहीं कर सकते
    17 Feb 2022
    दाभोलकर, पानसरे, कलबुर्गी और गौरी को चाहे गोलियों से मार दिया गया हो, मगर उनके शब्द और उनके विचारों को कभी ख़ामोश नहीं किया जा सकता।
  • union budget
    टिकेंदर सिंह पंवार
    5,000 कस्बों और शहरों की समस्याओं का समाधान करने में केंद्रीय बजट फेल
    17 Feb 2022
    केंद्र सरकार लोगों को राहत देने की बजाय शहरीकरण के पिछले मॉडल को ही जारी रखना चाहती है।
  • covid
    न्यूज़क्लिक टीम
    कोरोना अपडेट: देश में आज फिर 30 हज़ार से ज़्यादा नए मामले, 541 मरीज़ों की मौत
    17 Feb 2022
    देश में 24 घंटों में कोरोना के 30,757 नए मामले सामने आए है | देश में कोरोना संक्रमण के मामलों की संख्या बढ़कर 4 करोड़ 27 लाख 54 हज़ार 315 हो गयी है।
  • yogi
    एम.ओबैद
    यूपी चुनावः बिजली बिल माफ़ करने की घोषणा करने वाली BJP का, 5 साल का रिपोर्ट कार्ड कुछ और ही कहता है
    17 Feb 2022
    "पूरे देश में सबसे ज्यादा महंगी बिजली उत्तर प्रदेश की है। पिछले महीने मुख्यमंत्री (योगी आदित्यनाथ) ने 50 प्रतिशत बिजली बिल कम करने का वादा किया था लेकिन अभी तक कुछ नहीं किया। ये बीजेपी के चुनावी वादे…
  • punjab
    रवि कौशल
    पंजाब चुनाव : पुलवामा के बाद भारत-पाक व्यापार के ठप हो जाने के संकट से जूझ रहे सीमावर्ती शहर  
    17 Feb 2022
    स्थानीय लोगों का कहना है कि पाकिस्तान के साथ व्यापार के ठप पड़ जाने से अमृतसर, गुरदासपुर और तरनतारन जैसे उन शहरों में बड़े पैमाने पर बेरोज़गारी पैदा हो गयी है, जहां पहले हज़ारों कामगार,बतौर ट्रक…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License