NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
महाराष्ट्रः नया सिरियल किलर बन रहा 'व्हाट्सएप’, बच्चा चोरी के शक में भीड़ ने 5 लोगों की जान ली
घुमंतू क़बीले के पाँच लोगों ने रविवार साप्ताहिक बाज़ार में बस से उतर कर एक बच्ची से बात करने की कोशिश की थी कि वहाँ मौजूद लोगों ने उन पर हमला कर दिया। भीड़ ने इन्हें बुरी तरह पीटा जिससे सभी की मौत हो गई।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
03 Jul 2018
Mob Lynchings
Image for Representational Purpose Only

व्हाट्सएप देश में अब एक नया सिरियल किलर बनता जा रहा है। एक के बाद एक लगातार घटनाएं सामने आ रही है। एक बार फिर व्हाट्सएप अफवाहों के चलते भीड़ ने कई लोगों की जान ले ली। घटना महाराष्ट्र की है जहां बच्चा चोरी करने वाले गिरोह के शक में 1 जुलाई को धुले ज़िला में ग्रामीणों ने 5 लोगों को पीट-पीट कर मार दिया। ये घटना राज्य की राजधानी मुंबई से क़रीब 325 किलोमीटर दूर सकरी तालुका के रेनपडा की है।

इंडियन एक्सप्रेस की एक रिपोर्ट के मुताबिक़ पाँच लोग बस से उतरे थें और जब इनमें से एक व्यक्ति ने पास मौजूद एक लड़की से बात करने की कोशिश की तो लोगों ने इन पाँच लोगों पर हमला कर दिया। बताया जाता है कि गांव के लोग रविवार बाज़ार में इकट्टा हुए थें।

पीड़ितों की पहचान की पुष्टि किए बिना हमलावर उन्हें पंचायत कार्यालय में खींच कर ले गए जहां उन्हें मौत के घाट उतार दिया गया। हालांकि ये पीड़ित घुमंतू क़बीले के थें और इस साप्ताहिक बाज़ार में आए थें।

रिपोर्टों के मुताबिक़ इस मामले में 23 लोगों को पुलिस हिरासत में लिया गया है।

पुलिस ने कहा कि पिछले कुछ दिनों से व्हाट्सएप के ज़रिए बच्चे की चोरी के गिरोह को लेकर कुछ अफवाहें फैली हुई थीं। इन्हीं अफवाहों के चलते ग्रामीणों ने घुमंतू क़बीले के लोगों पर हमला कर दिया।

यह सिर्फ महाराष्ट्र में ही नहीं है जहां बच्चा चोरी की व्हाट्सएप अफवाहों के चलते भीड़ ने लोगों पर हमला किया है बल्कि इस तरह की अफवाहें कुछ राज्यों में भी हुई हैं। चेन्नई में बच्चे का अपहरण करने की कोशिश की अफवाह में दो लोगों पर बुरी तरह हमला किया गया था। ये पीड़ित प्रवासी मजदूर थें जो चेन्नई मेट्रो के लिए ठेका मज़दूर के तौर पर काम कर रहे थे।

बच्चा चोरी की अफवाहों पर भीड़ द्वारा हमला करने की कुछ घटनाएं जो मीडिया में प्रकाशित हुई

महाराष्ट्र

8 जून को महाराष्ट्र के औरंगाबाद ज़िले के चंदगांव में ग्रामीणों ने लूटेरों के संदेह में हमला करते हुए दो लोगों को मौत के घाट उतार दिया गया जबकि सात अन्य लोग घायल हो गए। गांव के कम से कम 1,500 लोगों की एक भीड़ ने कथित रूप से गांव के खेत से नौ लोगों को पकड़ने के बाद लाठी डंडों से उन पर हमला किया। रिपोर्ट के मुताबिक़ पुलिस अधिकारियों ने पुष्टि की कि चोरी के गिरोह की मौजूदगी के बारे में कुछ फ़र्ज़ी मैसेज व्हाट्सएप पर फैल रहे थे जिसके नतीजे में दो लोगों की हत्या हुई।

त्रिपुरा

28 जून को राज्य में सूचना तथा संस्कृति विभाग द्वारा एक व्यक्ति को अफवाह फैलाने वालों के ख़िलाफ़ अभियान चलाने के लिए नियुक्त किया गया था जिसे बच्चा चोर के शक में लोगों ने मार दिया। मृतक सुकांत चक्रवर्ती पर उत्तर अगरतला के कालाछारा में हमला किया गया था। घटना से पहले सेपाहिझाला ज़िले के बिशलगढ़ में भीड़ ने मानसिक रोगी एक महिला की हत्या कर दी थी। इसके अलावा पश्चिमी त्रिपुरा के मुराबारी में उत्तर प्रदेश के तीन हॉकर्स को भीड़ ने पीटा और पीड़ितों का त्रिपुरा स्टेट राइफल्स कैंप तक पीछा किया।

गुजरात

अहमदाबाद में 26 जून को बच्चा चोर के शक में एक 40 वर्षीय महिला को भीड़ ने मार डाला। एक ऑटो रिक्शा में जा रही चार महिलाओं के एक समूह को देखते हुए क़रीब 30 लोगों की भीड़ ने उन पर हमला कर दिया और उनमें से एक को पीट पीट कर मार डाला।

मध्य प्रदेश

मध्यप्रदेश के कुछ जिलों के लोगों के बीच एक व्हाट्सएप मैसेज भेजा जा रहा था जिसके नतीजे में 17 जून को दो निर्दोष लोगों की हत्या हुई। व्हाट्सएप मैसेज में लिखा था कि कुछ लोग इस इलाक़े में लोगों की हत्या कर उनके अंग बेचने के लिए घूम रहे हैं। इस अफवाह के चलते इन दो लोगों को मारने के लिए क़रीब 50-60 लोगों की भीड़ जमा हो गई।

सिंगरौली ज़िले में अफवाहों के चलते इसी तरह की घटना हुई जहां 27 जून को एक व्यक्ति को बच्चा चोर के शक में पीट-पीट कर मार डाला गया। इस मामले में भी पुलिस अधिकारियों ने पुष्टि की थी कि बच्चा चोरी करने वाले गिरोह के बारे में अफवाहें बड़े पैमाने पर सोशल मीडिया पर फैलाई जा रही थी।

असम

8 जून को सोशल मीडिया की अफवाहों ने असम के दो युवाओं को जान ले ली। करबी एंग्लोंग ज़िले के पंजुरी में एक 29 वर्षीय इंजीनियर और 30 वर्षीय व्यवसायी को भीड़ ने उनके वाहन से उतार लिया और बच्चा चोर के संदेह में उन्हें पीट-पीट कर मार डाला।

छत्तीसगढ़

22 जून को छत्तीसगढ़ के सरगुजा ज़िले में एक अज्ञात व्यक्ति को बच्चा चोर के शक में भीड़ ने पीट-पीट कर मार डाला। इस तरह की अफवाहों से पिछले दो महीनों के दौरान दर्जन भर से ज्यादा लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ी।

भीड़ द्वारा हत्या
mob lynching
महाराष्ट्र
व्हाट्सएप

Related Stories

भारत में धार्मिक असहिष्णुता और पूजा-स्थलों पर हमले को लेकर अमेरिकी रिपोर्ट में फिर उठे सवाल

सिवनी मॉब लिंचिंग के खिलाफ सड़कों पर उतरे आदिवासी, गरमाई राजनीति, दाहोद में गरजे राहुल

मध्यप्रदेश: गौकशी के नाम पर आदिवासियों की हत्या का विरोध, पूरी तरह बंद रहा सिवनी

बिहार: बीफ खाने के नाम पर खलील की हत्या, परिवार का आरोप; उच्च-स्तरीय जांच की मांग

भारत में हर दिन क्यों बढ़ रही हैं ‘मॉब लिंचिंग’ की घटनाएं, इसके पीछे क्या है कारण?

झारखंड : मॉब लिंचिंग क़ानून के बारे में क्या सोचते हैं पीड़ितों के परिवार?

झारखंड : नागरिक समाज ने उठाई  ‘मॉबलिंचिंग विरोधी क़ानून’ की नियमावली जल्द बनाने की मांग

पलवल : मुस्लिम लड़के की पीट-पीट कर हत्या, परिवार ने लगाया हेट क्राइम का आरोप

शामली: मॉब लिंचिंग का शिकार बना 17 साल का समीर!, 8 युवकों पर मुकदमा, एक गिरफ़्तार

मध्य प्रदेश में बढ़ती सांप्रदायिक हिंसा की क्या है वजह?


बाकी खबरें

  • New year
    राजेंद्र शर्मा
    कटाक्ष: नये साल के लक्षण अच्छे नजर नहीं आ रहे हैं...
    02 Jan 2022
    नहीं-नहीं, हम ओमिक्रॉन की बात नहीं कर रहे हैं। ओमिक्रॉन हमारे नये साल का सगुन नहीं बिगाड़ सकता। हम बात कर रहे हैं...
  • cartoon
    डॉ. द्रोण कुमार शर्मा
    तिरछी नज़र: हैप्पी न्यू ईयर सरकार जी!
    02 Jan 2022
    एक व्यंग्यकार के लिए नव वर्ष के अवसर पर व्यंग्य लिखते हुए शुभकामनाएं देना बहुत ही मुश्किल काम है। यह इतना ही मुश्किल काम है जितना मुश्किल काम है सरकार जी के लिए कुछ भी करना।
  • hafte ki baat
    न्यूज़क्लिक टीम
    2022 में सत्ता, सियासत और समाज
    01 Jan 2022
    नया साल भारत की सत्ता-राजनीति और समाज के लिए कैसा होगा? जनतंत्र का क्या होगा हाल? सत्ताधारियो और विपक्षियों के समक्ष क्या-क्या हैं बड़ी चुनौतियां? कश्मीर से कन्याकुमारी तक देश के सियासत की कैसी…
  • jewar airport
    न्यूज़क्लिक टीम
    जेवर एयरपोर्ट: दूसरे फेज़ के अधिग्रहण में किसान कर रहे बेहतर मुआवज़े की माँग
    01 Jan 2022
    जेवर एयरपोर्ट निर्माण के दूसरे फेज़ में 6 गाँव की 1344 हेक्टेयर ज़मीन का अधिग्रहण की ज़रूरत हैI इन गाँव के किसान 26 दिसंबर को एक महापंचायत में जुटे जिसमें इस बात पर आम सहमति बनाने की कोशिश हुई कि वे…
  • अनिल जैन
    साल 2021: भारत के 'तालिबानीकरण' की परियोजना सरकारी शक्ल लेती दिखी!
    01 Jan 2022
    हर कैलेंडर वर्ष अपने दामन में तमाम तरह की कड़वी-मीठी यादें समेटते हुए बिदा होता है। ये यादें अंतरराष्ट्रीय घटनाओं को लेकर भी होती हैं और राष्ट्रीय घटनाओं को लेकर भी। राजनीतिक, सामाजिक और आर्थिक, वि
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License