NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
पुणे भूसक्खलन : एक पर्यावरण असंवेदशीलता का परिणाम
न्यूज़क्लिक प्रोडक्शन
24 Aug 2014

दिल्ली साइंस फोरम के डी. रघुनन्दन ने न्यूज़क्लिक से ३० जुलाई २०१४ को हुए पुणे भूसक्खलन पर बातचीत की। उन्होंने बताया कि प्राकृतिक कारणों के अलावा विभिन्न "विकास की गतिविधियों" के चलते इस तरह के प्राकृतिक हादसे होते हैं खासकर पहाड़ी इलाकों में. पुणे के मामले में, कुछ मुख्य तथ्य हैं जैसे जंगलों का कटाव, भूमि समतल करने के लिए भारी मशीनों का इस्तेमाल, पहाड़ों को खोदते वक्त पानी के प्राकृतक बहाव को नज़रअंदाज़ करना इत्यादि शामिल है. "विकास कार्यों" के लिए नियामक की वकालत करते हुए उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि क्या पर्यावरण असंवेदशीलता की कीमत पर विकास संभव है?

भूस्खलन
पुणे
महाराष्ट्र
जमीन
पर्यावरण
गाडगिल
कमीटी
उत्तराखंड

Related Stories

उत्तराखंड चुनाव 2022 : दम तोड़ता अल्मोड़ा का ताम्र उद्योग !

उत्तराखंड: बारिश से भारी संख्या में सड़कों और पुलों का बहना किसका संकेत?

महाराष्ट्र महापौर चुनाव: शिवसेना-कांग्रेस-एनसीपी की तिकड़ी के आगे भाजपा परास्त

महाराष्ट्र के हिंसक मराठा आंदोलन के लिये कौन जिम्मेदार है?

दूध उत्पादकों के सामने आखिरकार झुकी महाराष्ट्र सरकार

महाराष्ट्र के कारोबारी ने किसानों के नाम पर लिया 5,400 करोड़ रूपये का लोन

बुलेट ट्रेन परियोजना के खिलाफ गोदरेज ने की हाई कोर्ट में अपील

महाराष्ट्रः नया सिरियल किलर बन रहा 'व्हाट्सएप’, बच्चा चोरी के शक में भीड़ ने 5 लोगों की जान ली

दक्षिण दिल्ली में काटे जाएँगे 16,500 पेड़

पर्यावरण विनियमों को कमज़ोर करना क्या अपने चरम पर है?


बाकी खबरें

  • WTO
    पीपल्स डिस्पैच
    स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को डब्ल्यूटीओ के एजेंडे की परवाह क्यों करनी चाहिए?
    06 Dec 2021
    हालिया रद्द किए गए विश्व व्यापार संगठन मंत्रिस्तरीय सम्मेलन में ट्रिप्स छूट प्रस्ताव पर चर्चा की जानी थी, पर इसके एजेंडे में अन्य विषय भी विचारणीय थे, जिन्हें दुनिया भर के स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को…
  • african School
    शिरीष खरे
    कोरोना: ऑनलाइन पढ़ाई के दौर में बहुत पीछे छूटा अफ्रीका
    06 Dec 2021
    एशिया के कई देशों की तुलना में अफ्रीका महाद्वीप पर शिक्षा की हालत कहीं अधिक खस्ता बताई गई है। पूरे अफ्रीका महाद्वीप में मार्च 2020 से ही स्कूल बंद होने के बाद बच्चों की एक बड़ी संख्या है, जिन्हें…
  • mathura
    न्यूज़क्लिक टीम
    भाजपा असफलताओं को छिपाने के लिये उठा रही “मथुरा” का मुद्दा
    06 Dec 2021
    भाजपा ने चुनावों से पहले “मथुरा” का मुद्दा उठाया है। माना जा रहा है कि विधानसभा चुनाव से पहले भगवा पार्टी ध्रुवीकरण की कोशिश कर रही है।
  • covid
    प्रबीर पुरकायस्थ
    ओमिक्रॉन से नहीं, पूंजी के लालच से है दुनिया को ख़तरा
    06 Dec 2021
    आज की त्रासदी, जिसे ओमिक्रॉन के गहराते संकट ने और भी रेखांकित कर दिया है, यही है कि इस सबसे पूरी तरह से बचा जा सकता था, बशर्ते अमीर देशों ने कोविड-19 के टीकों के बहुत बड़े पैमाने पर उत्पादन का रास्ता…
  • cartoon
    आज का कार्टून
    कार्टून क्लिक: “ बाबा ज़ोर से पकड़ना संविधान, वो लोग इसी तरफ़ आ रहे हैं”
    06 Dec 2021
    बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर की आज पुण्यतिथि है और आज ही बाबरी मस्जिद विध्वंस की बरसी है। इस तरह देखा जाए तो आज का दिन हमारे देश, हमारे लोकतंत्र और हमारे संविधान की दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण हो जाता है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License