NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
सीमा पर तनाव का लोकसभा चुनाव पर असर नहीं : निर्वाचन आयोग
मुख्य निर्वाचन आयुक्त सुनील अरोड़ा ने कहा कि चुनाव अपने निर्धारित समय पर होंगे। तारीख आगे बढ़ाए जाने की बात को उन्होंने सिरे से नकार दिया। उन्होंने कहा कि चुनाव कराने की हमारी तैयारी पूरी है और हम समय पर ही चुनाव कराएंगे।
आईएएनएस
01 Mar 2019
फाइल फोटो
Image Courtesy: Amar Ujala

लखनऊ : देश के मुख्य निर्वाचन आयुक्त सुनील अरोड़ा ने शुक्रवार को कहा कि अब उम्मीदवारों को विदेशों में स्थित संपत्तियों का विवरण भी देना होगा। अरोड़ा ने लखनऊ में एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, "अब पहली बार ऐसा हो रहा है कि प्रत्याशियों को विदेशों में स्थित अपनी संपत्ति का विवरण देना पड़ेगा। इसमें पैन कार्ड के साथ शपथ-पत्र देना होगा। इसकी आयकर विभाग से जांच कराई जाएगी। इसमें विसंगतियां मिलने पर इसे आयोग की वेबसाइट पर अपलोड किया जाएगा।"

अरोड़ा ने कहा, "इस बार प्रत्याशियों को अपनी पांच वर्ष की आय का विवरण देना होगा, जिसमें स्वयं, पत्नी, बच्चों (बेटा-बेटी) की संपत्ति के विवरण शामिल होंगे।"

उन्होंने ईवीएम पर उठाए जा रहे सवालों पर कहा, "चुनावों में ईवीएम को फुटबॉल बना दिया गया है। अगर रिजल्ट अच्छा है तो ईवीएम अच्छी है, अगर रिजल्ट खराब है तो ईवीएम खराब है।"

अरोड़ा ने कहा कि चुनाव अपने निर्धारित समय पर होंगे। तारीख आगे बढ़ाए जाने की बात को उन्होंने सिरे से नकार दिया। उन्होंने कहा कि चुनाव कराने की हमारी तैयारी पूरी है और हम समय पर ही चुनाव कराएंगे।
 उन्होंने कहा कि भारत और पाकिस्तान के बीच मौजूदा तनाव का अप्रैल-मई में होने वाले आम चुनाव पर कोई असर नहीं पड़ेगा। 


उन्होंने कहा कि मतदान केंद्र पर पानी, टॉयलेट, शेड, बिजली की व्यवस्था का प्रावधान किया गया है। इसे और बेहतर किया जाएगा।

उन्होंने कहा, "उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव ने हमें आश्वासन दिया है कि ज्यादातर कमियों को जल्द ही पूरा कर लिया जाएगा। आदर्श आचार संहिता समिति में एक सोशल मीडिया एक्सपर्ट को भी शामिल किया जाएगा।"

उल्लेखनीय है कि मुख्य निर्वाचन आयुक्त तीन दिनों से राजधानी लखनऊ में थे। इस दौरान उन्होंने जिलों व मंडलों के शीर्ष प्रशासनिक व पुलिस अधिकारियों के साथ बैठक कर चुनाव के मद्देनजर सारे हालात पर चर्चा की।

General elections2019
2019 आम चुनाव
CEC
CEC SUNEEL ARORA
Uttar pradesh
Lucknow

Related Stories

आजमगढ़ उप-चुनाव: भाजपा के निरहुआ के सामने होंगे धर्मेंद्र यादव

उत्तर प्रदेश: "सरकार हमें नियुक्ति दे या मुक्ति दे"  इच्छामृत्यु की माँग करते हजारों बेरोजगार युवा

यूपी : आज़मगढ़ और रामपुर लोकसभा उपचुनाव में सपा की साख़ बचेगी या बीजेपी सेंध मारेगी?

श्रीकृष्ण जन्मभूमि-शाही मस्जिद ईदगाह प्रकरण में दो अलग-अलग याचिकाएं दाखिल

ग्राउंड रिपोर्ट: चंदौली पुलिस की बर्बरता की शिकार निशा यादव की मौत का हिसाब मांग रहे जनवादी संगठन

जौनपुर: कालेज प्रबंधक पर प्रोफ़ेसर को जूते से पीटने का आरोप, लीपापोती में जुटी पुलिस

उपचुनाव:  6 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेश में 23 जून को मतदान

UPSI भर्ती: 15-15 लाख में दरोगा बनने की स्कीम का ऐसे हो गया पर्दाफ़ाश

क्या वाकई 'यूपी पुलिस दबिश देने नहीं, बल्कि दबंगई दिखाने जाती है'?

उत्तर प्रदेश विधानसभा में भारी बवाल


बाकी खबरें

  • निखिल करिअप्पा
    कर्नाटक : कच्चे माल की बढ़ती क़ीमतों से प्लास्टिक उत्पादक इकाईयों को करना पड़ रहा है दिक़्क़तों का सामना
    02 May 2022
    गलाकाट प्रतियोगिता और कच्चे माल की क़ीमतों में बढ़ोत्तरी ने लघु औद्योगिक इकाईयों को बहुत ज़्यादा दबाव में डाल दिया है।
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    बिजली संकट को लेकर आंदोलनों का दौर शुरू
    02 May 2022
    पूरा देश इन दिनों बिजली संकट से जूझ रहा है। कोयले की प्रचुर मात्रा होने के बावजूद भी पावर प्लांट में कोयले की कमी बनी हुई है। इसे लेकर देश के कई इलाके में विरोध शुरू हो गए हैं।  
  • सतीश भारतीय
    मध्यप्रदेश के कुछ इलाकों में सैलून वाले आज भी नहीं काटते दलितों के बाल!
    02 May 2022
    भारतीय संविधान का अनुच्छेद 14 भारत के हर नागरिक को समानता का दर्जा देता है। मगर हक़ीक़त यह है कि आजादी के 75 वर्ष बाद भी दलित आवाम असमानताओं में जीने को विवश है। आज भी ऊंची जाति ने दलित समाज को सिर के…
  • पीपल्स डिस्पैच
    "एएलबीए मूल रूप से साम्राज्यवाद विरोधी है": सच्चा लोरेंटी
    02 May 2022
    एएलबीए मूवमेंट्स की तीसरी कंटिनेंटल असेंबली के दौरान संबद्ध मंचों ने एकता स्थापित करने और साम्राज्यवाद व पूंजीवाद के ख़िलाफ़ एक साथ लड़ने की अहमियत के बारे में चर्चा की।
  • राजु कुमार
    6 से 9 जून तक भोपाल में होगी 17वीं अखिल भारतीय जन विज्ञान कांग्रेस
    02 May 2022
    “भारत का विचार : वैज्ञानिक स्वभाव, आत्मनिर्भरता और विकास“ के साथ-साथ देश की वर्तमान चुनौतियों पर मंथन एवं संवाद के लिए 600 से अधिक जन विज्ञान कार्यकर्ता एवं वैज्ञानिक शिरकत करेंगे।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License