NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
जज लोया केस: सुप्रीम कोर्ट की कार्यवाही 5 फ़रवरी तक स्थगित
कांग्रेस ने केस में व्हिसल-ब्लोअर के तौर पर सतीश उइके को पेश किया जिनका दावा है की जज लोया की पोस्ट-मोर्टम रिपोर्ट से छेड़छाड़ की गयी थीI
पृथ्वीराज रूपावत
03 Feb 2018
जज लोया
Newsclick Image by Nitesh Kumar

2 फरवरी को सीबीआई अदालत के विशेष जज ब्रिजगोपाल हरिकिशन लोया की मौत की स्वतंत्र जाँच की माँग को लेकर दायर याचिकाओं की सुनवायी के दौरान सुप्रीम कोर्ट में अधिवक्ता दुष्यंत दवे ने अपील की कि जज लोया के परिवार वालों को कोर्ट में बुलाया जाये ताकि मामले से जुड़े तथ्यों की प्रमाणिकता साबित की जा सकेI बहस बेनतीजा रही इसलिए कोर्ट ने मामले की अगली सुनवायी 5 फरवरी को रखी है I

इस मामले में मुख्य न्यायाधीश दीपक मिश्रा, न्यायाधीश ए.एम. खानविलकर और न्यायधीश डी.वाई. चंद्रचूड की एक पीठ सुनवायी कर रही है I

अधिवक्ता दुष्यंत दवे और अधिवक्ता इंदिरा जयसिंह याचिकाकर्ताओं के वकील हैं और प्रतिवादियों यानि भारत सरकार और महाराष्ट्र सरकार की और से हरीश साल्वे तथा मुकुल रोहतगी केस लड़ रहे हैं I

जब मीडिया में जज लोया की मौत की खबर आयी तो महाराष्ट्र सरकार ने मामले की एक जाँच करवायी जिसमें चार जजों ने दावा किया था कि जज लोया की मौत एक ‘बड़े दिल के दौरे’ की वजह से हुई और इस पूरे मामले में किसी तरह की कोई ‘गड़बड़ नहीं’ नज़र आतीI दुष्यंत दवे ने इन चार जजों से पूछताछ की इजाज़त माँगीI

गौरतलब है, 1 दिसम्बर 2014 को नागपुर में जज लोया की मौत हुई, वे वहाँ एक शादी में शरीक़ होने गये थेI उनकी मौत की औपचारिक वजह दिल का दौरा बताई जाती हैI जज लोया उस समय सोहराबुद्दीन शेख़ के एनकाउंटर के मामले की सुनवायी कर रहे थे और इस मामले में बीजेपी के मौजूदा राष्ट्रिय अध्यक्ष अमित शाह अभियुक्त हैं I इसके बाद जज एम.बी. गोसावी ने केस की सुनवायी का ज़िम्मा मिला और उन्होनें शाह और कुछ दूसरे अभियुक्तों को बरी कर दिया I

पिछले साल नवम्बर में मीडिया की कुछ ख़बरों से जज लोया की “रहस्यात्मक” मौत का मामला गरमाया I  

इस मामले में सुप्रीम कोर्ट में दो याचिका दायर की गयीं हैं- एक कांग्रेस नेता तहसीन पूनावाला द्वारा और दूसरी महाराष्ट्र के एक पत्रकार बंधुराज सम्भाजी लोने द्वाराI साथ ही इस मामले में नेवल स्टाफ़ के पूर्व चीफ़ एडमिरल रामदास, यूथ बार एसोसिएशन ऑफ़ इंडिया (YBAI) और ऑल इंडिया लॉयर्स यूनियन (AILU) की तरफ से तीन हस्तक्षेप अर्ज़ियाँ भी सुप्रीम कोर्ट में दी गयीं हैं, जिनमें जज लोया की मौत की निष्पक्ष जाँच की माँग की गयी है I

22 जनवरी को मामले से जुड़ी याचिकाओं की सुनवायी के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने सभी हाई कोर्ट को इस मामले से जुड़ी किसी भी याचिका की सुनवायी करने की मनाही कर दी I साथ ही सुप्रीम कोर्ट ने बॉम्बे हाई कोर्ट में इस मामले से जुड़ी लंबित याचिकाओं को अपने अधीन स्थानांतरित कर लिया I

इससे पहले, नागपुर के एक आरटीआई कार्यकर्त्ता सूर्यकांत लोलागे द्वारा दायर एक रिट पैटीशन जिसमें जज लोया की मौत की जाँच की माँग की गयी है, और अधिवक्ता श्रीकांत खान्डलकर की याचिका जिसमें मामले की जाँच महाराष्ट्र से बाहर किये जाने की माँग की गयी, इन दोनों की सुनवायी बॉम्बे हाई कोर्ट में चल रही थी I

मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस ने इस संवेदनशील मामले की निष्पक्ष जाँच एक SIT द्वारा करवाने की माँग की है और यह भी कहा है की इसमें सीबीआई और एनआईए के अफ्सरों को शामिल न किया जायेI 31 जनवरी को एक प्रेस वार्ता के दौरान, कांग्रेस नेता कपिल सिब्बल ने कई सवाल उठायेI सिब्बल ने लॉयर सतीश उइके को इस मामले में व्हिसल-ब्लोअर के तौर पर पेश कियाI इन्होनें सिब्बल को बताया था की जज लोया को एक ‘आदेश का मसौदा’ दिया गया था और निर्देश दिया गया था कि उसे 31 अक्टूबर 2014 से पहले मंज़ूरी दे देंI सिब्ब्ले ने यह भी कहा की उइके को जज लोया ने खुद इस ‘आदेश के मसौदे’ की एक कॉपी दी थीI  

लॉयर उइके को अधिवक्ता श्रीकांत खान्डलकर और रिटायर्ड ज़िला न्यायाधीश प्रकाश थोम्ब्रे ने जज लोया से मिलवाया थाI बाद में इन दोनों की भी रहस्यात्मक ठंग से मौत हो गयीI

सतीश उइके भी प्रेस वार्ता में मौजूद थे और उन्होंने दावा किया की जज लोया की पोस्ट-मोर्टम रिपोर्ट के साथ छेड़छाड़ की गयी थीI

जज लोया केस
सोहराबुद्दीन शेख़ केस
अमित शाह
बीजेपी

Related Stories

झारखंड चुनाव: 20 सीटों पर मतदान, सिसई में सुरक्षा बलों की गोलीबारी में एक ग्रामीण की मौत, दो घायल

झारखंड की 'वीआईपी' सीट जमशेदपुर पूर्वी : रघुवर को सरयू की चुनौती, गौरव तीसरा कोण

हमें ‘लिंचिस्तान’ बनने से सिर्फ जन-आन्दोलन ही बचा सकता है

यूपी-बिहार: 2019 की तैयारी, भाजपा और विपक्ष

असमः नागरिकता छीन जाने के डर लोग कर रहे आत्महत्या, एनआरसी की सूची 30 जुलाई तक होगी जारी

अहमदाबाद के एक बैंक और अमित शाह का दिलचस्प मामला

आरएसएस के लिए यह "सत्य का दर्पण” नहीं हो सकता है

उत्तरपूर्व में हिंदुत्वा का दोगुला खेल

अशोक धावले : मोदी सरकार आज़ाद भारत के इतिहास में सबसे किसान विरोधी सरकार है

छत्तीसगढ़ में नर्सों की हड़ताल को जबरन ख़तम कराया गया


बाकी खबरें

  • ramnavami
    संदीप चक्रवर्ती
    पश्चिम बंगाल: विहिप की रामनवमी रैलियों के उकसावे के बाद हावड़ा और बांकुरा में तनाव
    12 Apr 2022
    हावड़ा में बहुसंख्यक मुस्लिम रिहाइश वाले इलाकों से गुजरते रामनवमी जुलूस ने उनके खिलाफ नारेबाजी की और उन पर पथराव किया।
  • NOIDA
    श्याम मीरा सिंह
    देर रात डीजे बजाने को लेकर न्यूज-18 के पत्रकार और जागरण आयोजकों के बीच क्या हुआ? जानिये पूरा घटनाक्रम
    12 Apr 2022
    पत्रकार सौरभ ने आयोजकों को डीजे बंद करने के लिए कहा, लेकिन ये बात आयोजकों को इतनी नागवार गुज़री कि वे सौरभ शर्मा को मौके पर ही सबक़ सिखाने के लिए दौड़ पड़े। आयोजकों ने उन्हें पाकिस्तानी कहते हुए परिवार…
  • उपेंद्र स्वामी
    दुनिया भर की: सोमालिया पर मानवीय संवेदनाओं की अकाल मौत
    12 Apr 2022
    यह अप्रैल का महीना चल रहा है। कई लोगों का कहना है कि सोमालिया के लिए जीवन या विनाश का विकल्प देने वाला महीना साबित हो सकता है। यह महीना सोमालिया और मध्य-पूर्वी अफ्रीकी देशों में बारिश शुरू होने का…
  • भाषा
    सीबीआई को आकार पटेल के खिलाफ मुकदमा चलाने की मिली अनुमति
    12 Apr 2022
    केंद्र ने केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) को ‘एमनेस्टी इंटरनेशनल इंडिया’ और उसके पूर्व प्रमुख आकार पटेल के खिलाफ विदेशी चंदा विनियमन कानून (एफसीआरए) के कथित उल्लंघन के मामले में मुकदमा चलाने की…
  • भाषा
    ओडिशा के क्योंझर जिले में रामनवमी रैली को लेकर झड़प के बाद इंटरनेट सेवाएं निलंबित
    12 Apr 2022
    ओडिशा के क्योंझर जिले में एक दिन पहले राम नवमी की रैली को लेकर दो समुदायों के बीच संघर्ष के बाद मंगलवार को इंटरनेट सेवाएं निलंबित कर दी गयी है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License