NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
विज्ञान
भारत
जुनैद हत्यकांडः पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने ट्रायल कोर्ट के आदेश पर लगाई रोक
ट्रायल कोर्ट ने जुनैद मामले में परिवार की ओर से सीबीआई जांच की मांग वाली याचिका को ख़ारिज कर दिया था।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
07 Dec 2017
Junaid

पंजाब व हरियाणा उच्च न्यायालय ने जुनैद हत्याकांड मामले में ट्रायल कोर्ट के आदेश पर रोक लगा दिया है। इससे पहले 27 नवंबर को ट्रायल कोर्ट ने जुनैद के परिवार की सीबीआई जांच की मांग वाली याचिका को ख़ारिज कर दिया था। ट्रायल कोर्ट जुनैद के मामले की सुनवाई कर रहा था। ज्ञात हो कि दिल्ली-मथुरा ट्रेन से जाने के दौरान भीड़ ने जुनैद पर हमला किया था जिसमें उसकी मौत हो गई थी।

सुनवाई करते हुए न्यायमूर्ति राजेश शेखर अत्री और महेश ग्रोवर के उच्च न्यायालय की खंडपीठ ने मामले में सीबीआई और हरियाणा सरकार से जुनैद के परिवार की सीबीआई की जांच की मांग करने वाली याचिका पर ग़ौर करने को कहा है। उच्च न्यायालय ने 11 जनवरी तक ट्रायल कोर्ट की कार्यवाही स्थगित कर दी है।

जुनैद के परिवार ने पहले फ़रीदाबाद सत्र अदालत इस मामले में सीबीआई जांच की मांग की थी क्योंकि उनका मानना था कि जांच ठीक से नहीं हुई थी और इसलिए अपराधियों को आसानी से जमानत मिल रही थी। लेकिन अदालत ने इस याचिका को ख़ारिज करते हुए कहा कि याचिका का कोई औचित्य नहीं है और इसे साबित करने के लिए पर्याप्त सबूत नहीं है कि जांच ईमानदारी से नहीं किया जा रहा है। याचिका को ख़ारिज करते हुए ट्रायल कोर्ट के न्यायाधीश ने यह भी कहा कि "शिकायतकर्ता की शिकायत में अन्य अभियुक्तों को शामिल न करने या कुछ अपराधियों को हटाने के संबंध में सीबीआई को जांच के हस्तांतरण का कोई आधार नहीं है, यह भी कि कार्यवाही के बाद भी कुछ प्रगति हुई है"।

इस आदेश के ख़िलाफ जुनैद के परिवार के वकील ने उच्च न्यायालय से अपील की है। वकील ने दावा किया कि जुनैद और उसके चचेरे भाई पर हमला सांप्रदायिक नफरत का नतीजा था और यह शायद एक नियोजित घटना हो सकती है लेकिन ट्रायल कोर्ट के जज ने उनकी याचिका ख़ारिज करते हुए इन तथ्यों पर विचार नहीं किया। पीड़ित परिवार का कहना है कि धार्मिक दुश्मनी को बढ़ावा देने जैसे आरोपों को जांच से हटा दिया गया जिससे मामला कमज़ोर हो गया।

इस मुद्दे पर न्यूज़क्लिक से बात करते हुए सांप्रदायिकता के मुद्दे पर काम कर रहे तथा मानवाधिकार कार्यकर्ता हर्ष मंदर ने कहा:

"ज़्यादातर भीड़ द्वारा हत्या के मामलों में यह देखा गया है कि सरकार और उसकी एजेंसियां मामले को कमज़ोर करने या उन्हें एक साथ ख़ारिज करने की कोशिश कर रही है। यह पहलू ख़ान और अख़लाक जैसे सभी प्रमुख मामलों में भी देखा जा सकता है कि अपराधियों के बजाय पीड़ितों को अपराधियों की तरह देखा जा रहा है। जुनैद के मामले में एकमात्र सकारात्मक चीज़ यह है कि कम से कम यहां उन्हें दोषी पक्ष के रूप में पेश नहीं किया जा रहा है। लेकिन इस मामले को वापस लेने के लिए परिवार पर लगातार दबाव है।"

उल्लेखनीय है कि इस साल के जून में जुनैद नाम के एक 16 वर्षीय युवक पर भीड़ ने हमला कर उसकी हत्या कर दी थी। जुनैद दिल्ली-मथुरा ट्रेन में दिल्ली से लौट रहा था। यह आरोप लगाया गया कि ट्रेन में सीटों को लेकर एक मामूली विवाद के बाद जुनैद पर हमला हुआ। भीड़ ने जुनैद और उसके दो अन्य चचेरे भाई पर हमला किया। जुनैद को शरीर पर कई बार चाकूओं से हमला किया गया और उसे ट्रेन से फरीदाबाद के निकट असओइती गांव के पास फेंक दिया गया। अक्टूबर में भी इस मामले में ट्रायल कोर्ट के जज द्वारा आरोप लगाया गया था कि मुख्य आरोपी के वकील को पब्लिक प्रोसेक्यूटर द्वारा मदद किया जा रहा था।

Junaid
Junaid Lynching
Anti Muslim
BJP
RSS
Narendra modi
CBI
Haryana High Court

Related Stories

2023 विधानसभा चुनावों के मद्देनज़र तेज़ हुए सांप्रदायिक हमले, लाउडस्पीकर विवाद पर दिल्ली सरकार ने किए हाथ खड़े

कोविड: मोदी सरकार के दो पर्याय—आपराधिक लापरवाही और बदइंतज़ामी

आख़िर कोवैक्सीन को लेकर सवाल क्यों उठ रहे हैं?

सबसे पहले टीका बनाने की होड़ हो सकती है ख़तरनाक, वैज्ञानिकों ने चेताया, सतर्क रहने को कहा

रोमिला थापर: "ऐसी स्वास्थ्य सेवा प्रणाली को अमल में लाया जाना चाहिए,जिसके तहत सभी लोग आते हों"

कोरोना के ख़िलाफ़ लड़ाई वैज्ञानिक चेतना के बिना नहीं जीती जा सकती

देश भर में एनआरसी, कोलंबिया की हड़ताल और अन्य

झारखंड : 5 चरणों में चुनाव को लेकर उठ रहे सवाल?

राखीगढ़ी कंकाल का डीएनए : सिन्धु घाटी के लोग ऋग्वैदिक आर्य नहीं हैं

ग़लत जानकारी देना भी एक अपराध है : देवेंद्र मेवाड़ी


बाकी खबरें

  • modi
    राजेंद्र शर्मा
    थैंक यू मोदी जी--हम कम से कम एशिया गुरु तो हुए!
    06 Feb 2022
    कटाक्ष: वैसे ऐसा भी नहीं है कि हम हर मामले में एशिया गुरु के कुर्सी पर ही अटके हुए हों। और भी नंबर वन हैं दुनिया में कोविड की मौतों या दौलतवालों के नंबर वन के सिवा।
  • budget
    डॉ. द्रोण कुमार शर्मा
    तिरछी नज़र: बजट इस साल का; बात पच्चीस साल की
    06 Feb 2022
    इस बजट में गरीबों का, किसानों का, मजदूरों का, बेरोजगारों का, सभी का ध्यान रखा गया है। सब का यह ध्यान रखा गया है कि उन्हें गलती से भी कुछ न मिले और अगर मिले भी तो कम से कम मिले। 
  • hum bharat ke log
    अजय सिंह
    हम भारत के लोग : हम कहां-से-कहां पहुंच गये हैं
    06 Feb 2022
    भारत गणराज्य एक भंवर में फंस गया है। भंवर से उसे कैसे उबारा जाये, यह विकट प्रश्न है।
  • UP Elections
    न्यूज़क्लिक टीम
    मुरादाबादः भाजपा को सबक़ सिखाने की तैयारी
    05 Feb 2022
    ग्राउंड रिपोर्ट में वरिष्ठ पत्रकार भाषा सिंह ने मुरादाबाद को साफ रखने वाले सफाईकर्मियों के साथ-साथ मुसलमानों, आम नागरिक से बात की जो बदलाव की तैयारी में दिख रहे हैं।
  • chunav chakra
    न्यूज़क्लिक टीम
    चुनाव चक्र: 11 ज़िले, 58 सीटें, पहला दौर ही तय कर देगा यूपी का भविष्य
    05 Feb 2022
    चुनाव की घड़ी आ गई है। पांच राज्यों के चुनाव में सबसे पहले उत्तर प्रदेश में 10 फरवरी को पहले दौर का मतदान होगा। मौसम सर्द है लेकिन यहां गर्मी की बातें हो रही हैं। मुख्यमंत्री कहते हैं कि वे सारी '…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License