NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
कश्मीर : आतंकियों ने अगवा किए गए 3 पुलिसकर्मियों की हत्या की
इस घटना से पहले आतंकवादियों ने कुछ मस्जिदों से घोषणा कर पुलिसकर्मियों से अपनी नौकरी छोड़ने या परिणाम भुगतने की धमकी दी थी।
आईएएनएस
21 Sep 2018
फाइल फोटो
फाइल फोटो : साभार आउटलुक इंडिया

जम्मू एवं कश्मीर के शोपियां जिले में शुक्रवार को आतंकवादियों ने तीन पुलिसकर्मियों का अपहरण कर लिया और इसके कुछ ही घंटों बाद गोली मारकर तीनों की हत्या कर दी। पुलिस के एक अधिकारी ने आईएएनएस से कहा, "एक गांव से सुबह गोलियों से छलनी तीन शव बरामद किए गए।" 

मारे गए पुलिसकर्मियों की पहचान फिरदौस अहमद कुचई, निसार अहमद धाबी और कुलदीप सिंह के रूप में की गई है। 

इस घटना से पहले आतंकवादियों ने कुछ मस्जिदों से घोषणा कर पुलिसकर्मियों से अपनी नौकरी छोड़ने या परिणाम भुगतने की धमकी दी थी।

पुलिस ने कहा कि एक पुलिसकर्मी के भाई सहित चार लोगों को गुरुवार रात शोपियां स्थित उनके घरों से अगवा किया गया था।

चारों को कापरान और बाटगुंड गांवों से अगवा किया गया था। दोनों गांव सेब के घने बगीचे से चारों ओर से घिरे हुए हैं।

अपहृत चौथा व्यक्ति नागरिक था और आतंकियों ने उसे सुरक्षित छोड़ दिया था।

जम्मू एवं कश्मीर पुलिस ने ट्वीट किया, "हमने इस निर्मम आतंकवादी घटना में अपने तीन बहादुर साथियों को खो दिया है। तीनों जवानों को श्रद्धांजलि। हम इस अमानवीय कृत्य की निंदा करते हैं और साथ ही आश्वस्त करते हैं कि दोषियों को सजा दिलाई जाएगी।"

हत्या में शामिल आतंकवादियों को पकड़ने के लिए शोपियां में खोज अभियान चलाया जा रहा है।

पुलिस सूत्रों के अनुसार, मृतक विशेष पुलिस अधिकारी (एसपीओ) थे।

आतंकवादी लगातार एसपीओ को अपनी नौकरी छोड़ने या खामियाजा भुगतने की धमकी देते रहे हैं। 

पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने घटना पर दुख जताते हुए कहा कि वार्ता ही कश्मीर में जारी हिंसा के दुष्चक्र का समाधान हो सकता है। 

महबूबा ने ट्वीट किया, "तीन और पुलिसकर्मियों ने आतंकवादियों की गोलियां खाकर अपनी जान गंवा दी। हमेशा की तरह गुस्सा, दुख और निंदा जैसे शब्द सुनने को मिलेंगे, लेकिन दुर्भाग्य से इससे मृतकों के परिवारों को सांत्वना नहीं मिलेगी।" 

उन्होंने कहा, "स्पष्ट रूप से पुलिसकर्मियों और उनके परिवारों के अपहरण की घटनाओं में वृद्धि के साथ केंद्र सरकार की नीति बिल्कुल काम नहीं कर रही है। संवाद अब एकमात्र रास्ता प्रतीत होता है।"

शुक्रवार की घटना दक्षिण कश्मीर में पुलिसकर्मियों व सुरक्षा बलों पर हमले और अपहरण का ताजा मामला है।
 

Jammu & Kashmir
terrorist attack
police men kill

Related Stories

कश्मीरः जेल में बंद पत्रकारों की रिहाई के लिए मीडिया अधिकार समूहों ने एलजी को लिखी चिट्ठी 

'कश्मीर में नागरिकों की हत्याओं का मक़सद भारत की सामान्य स्थिति की धारणा को धूमिल करना है'—मिलिट्री थिंक-टैंक के निदेशक

फ़ोटो आलेख: ढलान की ओर कश्मीर का अखरोट उद्योग

कांग्रेस की सेहत, कश्मीर का भविष्य और भीमा-कोरेगांव का सच!

जम्मू और कश्मीर : सरकार के निशाने पर प्रेस की आज़ादी

पहले हुए बेघर, अब गया रोटी का सहारा

कश्मीर की जनजातियों को बेघर किया जा रहा है

क्यों अलग है कश्मीर का झंडा?

कश्मीर में पत्रकारिता पर ख़तरा बरक़रार, कोविड अपडेट और अन्य

धारा 370 हटने के एक साल बाद : कश्मीर को ज़रूरत इंसानी जज़्बात की


बाकी खबरें

  • राजेंद्र शर्मा
    कटाक्ष: मोदी जी, कश्मीरी पंडितों के आंसू हर्गिज़ सूखने नहीं देंगे!
    19 Mar 2022
    “कश्मीर पंडितों के आंसुओं की याद दिलाने में विशेष योगदान के लिए मोदी जी, कश्मीरी पंडितों के आंसू दिखाने वाली हरेक फिल्म का देश भर में टैक्स माफ करा देंगे और भगवाशासित राज्यों में सरकारी कर्मचारियों…
  • jheel
    नाज़मा ख़ान
    वादी-ए-शहज़ादी कश्मीर किसकी है : कश्मीर से एक ख़ास मुलाक़ात
    19 Mar 2022
    कैसा है कश्मीर? किसका है कश्मीर ?  क्या कश्मीर वह है जो फ़िल्मों में दिखाई देने वाली तिलिस्मी ख़ूबसूरती वाला होता है? या फिर किताबों वाला, टीवी डिबेट में सनसनी फैलाने वाला, सरकारी फ़ाइलों वाला या फिर…
  • नीलांजन मुखोपाध्याय
    भाजपा की जीत के वे फैक्टर, जिसने भाजपा को बनाया अपराजेय, क्यों विपक्ष के लिए जीतना हुआ मुश्किल?
    19 Mar 2022
    यूपी में, भाजपा ने बढ़ती कीमतों और बेरोजगारी की तुलना में कानून-व्यवस्था के मुद्दे को कहीं अधिक महत्वपूर्ण होने पर जोर दिया। 
  • आज का कार्टून
    कार्टून क्लिक: इमरान की पारी संकट में
    19 Mar 2022
    क्रिकेटर से राजनेता और फिर पाकिस्तान के प्रधानमंत्री बने इमरान ख़ान की पारी फ़िलहाल ख़तरे में दिखाई दे रही है। विपक्ष इमरान सरकार के ख़िलाफ़ अविश्वास प्रस्ताव ला रहा है। इसी बीच इमरान ने शुक्रवार को…
  • अरुण कुमार त्रिपाठी
    मुद्दा: …तो क्या ख़त्म हो जाएगी कांग्रेस?
    19 Mar 2022
    ऐसे में कांग्रेस अपनी नए सिरे से खोज भी कर सकती है और इतिहास के क्रूर हाथों में अपना विनाश भी कर सकती है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License