NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
‘लॉयर्स कलेक्टिव’ के कार्यालयों, इंदिरा जयसिंह के आवास पर सीबीआई के छापे 
एनजीओ ‘लॉयर्स कलेक्टिव’ पर विदेशी चंदे के नियमों का उल्लंघन का आरोप है। जबकि इंदिरा जयसिंह और ‘लॉयर्स कलेक्टिव’ ने धन के दुरुपयोग के सभी आरोपों को खारिज किया है।  
न्यूजक्लिक रिपोर्ट
11 Jul 2019
फाइल फोटो

सीबीआई गुरुवार को प्रख्यात वकील इंदिरा जयसिंह के आवास और उनके पति आनंद ग्रोवर के गैर सरकारी संगठन (एनजीओ) ‘लॉयर्स कलेक्टिव’ के कार्यालयों पर छापेमारी कर रही है।

अधिकारियों ने बताया कि जयसिंह के निजामुद्दीन स्थित आवास और कार्यालय, एनजीओ के जंगपुरा कार्यालय और मुम्बई स्थित एक कार्यालय में सुबह पांच बजे से छापेमारी जारी है। एजेंसी ने विदेश सहायता प्राप्त करने के मामले में ग्रोवर के खिलाफ एफसीआरए के तहत मामला दर्ज किया है।

ग्रोवर से सम्पर्क किए जाने पर उन्होंने कहा कि उन्हें परेशान ना किया जाए क्योंकि छापेमारी जारी है। ‘लॉयर्स कलेक्टिव’ ने सीबीआई के सभी आरोपों को खारिज किया है।

एजेंसी ने गृह मंत्रालय (एमएचए) की शिकायत के आधार पर ग्रोवर और एनजीओ के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की थी। मंत्रालय ने आरोप लगाया गया था कि समूह द्वारा प्राप्त विदेशी सहायता के इस्तेमाल में कई कथित विसंगतियां हैं।

पूर्व अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल इंदिरा जयसिंह का नाम प्राथमिकी में आरोपियों की सूची में नहीं है लेकिन मंत्रालय की शिकायत में उनकी कथित भूमिका का जिक्र है। सीबीआई ने ‘लॉयर्स कलेक्टिव’ के अध्यक्ष ग्रोवर, संगठन के कई पदाधिकारियों के अलावा कई अज्ञात अधिकारियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।

अब प्राथमिकी का हिस्सा बन चुकी, गृह मंत्रालय की शिकायत के अनुसार संगठन ने विदेश से 2006-07 और 2014-15 के बीच 32.39 करोड़ रुपए की मदद हासिल की थी, जिसमें अनियमितताएं बरती गईं और यह विदेशी अंशदान (विनियमन) अधिनियम (एफसीआरए) का उल्लंघन था।

मंत्रालय ने कहा कि मौजूदा जानकारी और एनजीओ के अभिलेखों की छानबीन के आधार पर एफसीआरए 2010 के विभिन्न प्रावधानों के प्रथम दृष्टया उल्लंघन पाए गए। उसने कहा कि 19 से 23 जनवरी, 2016 के बीच एनजीओ के खातों और अभिलेखों की पुस्तकों का निरीक्षण किया गया।

जयसिंह, ग्रोवर और ‘लॉयर्स कलेक्टिव’ ने एक बयान जारी करते हुए धन के दुरुपयोग के सभी आरोपों को खारिज किया था। 

बयान में कहा गया था कि जयसिंह ने उच्चतम न्यायालय की एक पूर्व कर्मचारी द्वारा देश के प्रधान न्यायाधीश के खिलाफ लगाए गए यौन उत्पीड़न के आरोपों को लेकर अपनाई गई प्रक्रिया का मुद्दा एक प्रबुद्ध नागरिक होने के नाते उठाया था। इसे देखते हुए लगता है कि यह बदले की कार्रवाई है। 

CBI raids at residence of Indira Jaisingh & Anand Grover in case of alleges misuse of foreign funding to their NGO is a clear act of Vendetta. Registration of cases & raids by Govt agencies has now become the way of govt to harass & intimidate opponentshttps://t.co/TrzChQXg9Q

— Prashant Bhushan (@pbhushan1) 11 July 2019

सुप्रीम के वरिष्ठ वकील प्रशांत भूषण ने इस रेड पर ट्वीट कर कहा है, 'अपने एनजीओ के लिए विदेशी चंदे का दुरुपयोग के आरोप में इंदिरा जयसिंह और आनंद ग्रोवर को घर पर सीबीआई की रेड पूरी तरह से राजनीतिक प्रतिशोध का मामला है। सरकारी एजेंसियों की ओर से रेड और मुकदमा को अब विपक्षियों को प्रताड़ित करने का तरीक़ा बना लिया गया है।'

वरिष्ठ वकीलों को निशाना बनाने से सरकार की मंशा पर उठते हैं सवाल: येचुरी

माकपा के महासचिव सीताराम येचुरी ने पूर्व अतिरिक्त सॉलिस्टर जनरल इंदिरा जयसिंह और उनके पति एवं वकील आनंद ग्रोवर के आवास और कार्यालयों पर सीबीआई की छापेमारी के लिए सरकार की आलोचना की है।

येचुरी ने एक ट्वीट में कहा, ‘काननू को अपना काम जरूर करना चाहिए, लेकिन अपनी एजेंसियों के माध्यम से जाने-माने और प्रतिष्ठित वरिष्ठ अधिवक्ताओं को निशाना बनाना सरकार की मंशा पर गंभीर सवाल खड़े करता है।’
 

 

(समाचार एजेंसी भाषा के इनपुट के साथ)

Indira Jaisingh
anand grover
CBI
NGO
Foreign Funding Case
Lawyers Collective
FCRA

Related Stories

हैदराबाद : मर्सिडीज़ गैंगरेप को क्या राजनीतिक कारणों से दबाया जा रहा है?

सरकारी एजेंसियाँ सिर्फ विपक्ष पर हमलावर क्यों, मोदी जी?

बच्चों की गुमशुदगी के मामले बढ़े, गैर-सरकारी संगठनों ने सतर्कता बढ़ाने की मांग की

सीबीआई ने लालू प्रसाद यादव के ख़िलाफ़ नया मामला दर्ज किया, कई जगह छापे मारे

कश्मीर में एक आर्मी-संचालित स्कूल की ओर से कर्मचारियों को हिजाब न पहनने के निर्देश

सीबीआई को आकार पटेल के खिलाफ मुकदमा चलाने की मिली अनुमति

आकार पटेल ने सीबीआई के ख़िलाफ़ अवमानना याचिका दाख़िल की

एमनेस्टी इंडिया के प्रमुख आकार पटेल का दावा, उन्हें अमेरिका जाने से रोका गया

CBI क्यों बनी 'तोता', कैसे हो सकती है आजाद, CJI ने क्यों जताई चिंता

सीबीआई पर खड़े होते सवालों के लिए कौन ज़िम्मेदार? कैसे बचेगी CBI की साख? 


बाकी खबरें

  • बिहार में ज़िला व अनुमंडलीय अस्पतालों में डॉक्टरों की भारी कमी
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    बिहार में ज़िला व अनुमंडलीय अस्पतालों में डॉक्टरों की भारी कमी
    18 May 2022
    ज़िला अस्पतालों में डॉक्टरों के लिए स्वीकृत पद 1872 हैं, जिनमें 1204 डॉक्टर ही पदस्थापित हैं, जबकि 668 पद खाली हैं। अनुमंडल अस्पतालों में 1595 पद स्वीकृत हैं, जिनमें 547 ही पदस्थापित हैं, जबकि 1048…
  • heat
    मोहम्मद इमरान खान
    लू का कहर: विशेषज्ञों ने कहा झुलसाती गर्मी से निबटने की योजनाओं पर अमल करे सरकार
    18 May 2022
    उत्तर भारत के कई-कई शहरों में 45 डिग्री सेल्सियस से ऊपर पारा चढ़ने के दो दिन बाद, विशेषज्ञ जलवायु परिवर्तन के चलते पड़ रही प्रचंड गर्मी की मार से आम लोगों के बचाव के लिए सरकार पर जोर दे रहे हैं।
  • hardik
    रवि शंकर दुबे
    हार्दिक पटेल का अगला राजनीतिक ठिकाना... भाजपा या AAP?
    18 May 2022
    गुजरात विधानसभा चुनाव से पहले हार्दिक पटेल ने कांग्रेस को बड़ा झटका दिया है। हार्दिक पटेल ने पार्टी पर तमाम आरोप मढ़ते हुए इस्तीफा दे दिया है।
  • masjid
    अजय कुमार
    समझिये पूजा स्थल अधिनियम 1991 से जुड़ी सारी बारीकियां
    18 May 2022
    पूजा स्थल अधिनयम 1991 से जुड़ी सारी बारीकियां तब खुलकर सामने आती हैं जब इसके ख़िलाफ़ दायर की गयी याचिका से जुड़े सवालों का भी इस क़ानून के आधार पर जवाब दिया जाता है।  
  • PROTEST
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    पंजाब: आप सरकार के ख़िलाफ़ किसानों ने खोला बड़ा मोर्चा, चंडीगढ़-मोहाली बॉर्डर पर डाला डेरा
    18 May 2022
    पंजाब के किसान अपनी विभिन्न मांगों को लेकर राजधानी में प्रदर्शन करना चाहते हैं, लेकिन राज्य की राजधानी जाने से रोके जाने के बाद वे मंगलवार से ही चंडीगढ़-मोहाली सीमा के पास धरने पर बैठ गए हैं।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License