NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
ओडिशा : विधानसभा में मीडिया पर प्रतिबंध, विपक्ष का विरोध  
‘‘लोकतंत्रिक व्यवस्था में विधानसभा अध्यक्ष का यह फैसला स्वीकार्य नहीं है। अगर विधायक विधानसभा में विरोध नहीं करेंगे तो कहां करेंगे? विधानसभा में विरोध विधायकों का लोकतांत्रिक अधिकार है।’’
भाषा
15 Feb 2020
Odisha

भुवनेश्वर : ओडिशा विधानसभा अध्यक्ष एस एन पात्रा द्वारा मीडिया पर लगाए गए प्रतिबंध को लेकर शनिवार को सदन में हंगामा हुआ जिसके कारण सदन की कार्यवाही को दो बार स्थगित करना पड़ा।

सुबह 10.30 बजे जैसे ही प्रश्नकाल शुरू हुआ, सदन में सदस्यों ने हंगामा शुरू कर दिया, कांग्रेस और भाजपा के विधायकों ने अध्यक्ष से आग्रह किया कि वे अपने आदेश पर पुनर्विचार करें और मीडिया को सदन में होने वाली गतिविधियों की रिपोर्ट करने दें।

अध्यक्ष द्वारा मांगों पर ध्यान नहीं दिये जाने से सदन में हंगामा जारी रहा, जिससे सदन की कार्यवाही को पहले पूर्वाह्न 11.30 बजे तक, फिर बाद में शाम तीन बजे तक स्थगित किया गया।

विधानसभा अध्यक्ष पात्रा ने शुक्रवार को एक फैसले में प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया दोनों को निर्देश दिया था कि वे सदन के अंदर हंगामे की रिपोर्ट न करें और विरोध कर रहे सदस्यों के नाम का उपयोग करने पर प्रतिबंध लगा दिया। अध्यक्ष के इस फैसले की भाजपा और कांग्रेस ने कड़ी आलोचना की।

भाजपा के सदन में नेता प्रतिपक्ष प्रदीप कुमार नाइक ने कहा कि विधायकों के लोकतांत्रिक अधिकारों के लिए अध्यक्ष का फैसला ‘‘नुकसानदेह’’ है और उन्होंने इस फैसले को तत्काल वापस लिये जाने की मांग की।

कांग्रेस के वरिष्ठ विधायक एस सलूजा ने कहा, ‘‘ लोकतंत्रिक व्यवस्था में विधानसभा अध्यक्ष का यह फैसला स्वीकार्य नहीं है। अगर विधायक विधानसभा में विरोध नहीं करेंगे तो कहां करेंगे? विधानसभा में विरोध विधायकों का लोकतांत्रिक अधिकार है।’’

Odisha
Media ban
Odisha assembly
democracy
Naveen Patnaik
Biju Janata Dal

Related Stories

भारत में संसदीय लोकतंत्र का लगातार पतन

जन-संगठनों और नागरिक समाज का उभरता प्रतिरोध लोकतन्त्र के लिये शुभ है

Press Freedom Index में 150वें नंबर पर भारत,अब तक का सबसे निचला स्तर

यूपी में संघ-भाजपा की बदलती रणनीति : लोकतांत्रिक ताकतों की बढ़ती चुनौती

ढहता लोकतंत्र : राजनीति का अपराधीकरण, लोकतंत्र में दाग़ियों को आरक्षण!

लोकतंत्र और परिवारवाद का रिश्ता बेहद जटिल है

किधर जाएगा भारत— फ़ासीवाद या लोकतंत्र : रोज़गार-संकट से जूझते युवाओं की भूमिका अहम

न्यायिक हस्तक्षेप से रुड़की में धर्म संसद रद्द और जिग्नेश मेवानी पर केस दर केस

यह लोकतांत्रिक संस्थाओं के पतन का अमृतकाल है

लाखपदर से पलंगपदर तक, बॉक्साइड के पहाड़ों पर 5 दिन


बाकी खबरें

  • up elections
    अफ़ज़ल इमाम
    यूपी चुनाव को लेकर बड़े कॉरपोरेट और गोदी मीडिया में ज़बरदस्त बेचैनी
    24 Jan 2022
    यदि यूपी जैसे बड़े राज्य में गैर भाजपा सरकार बन जाती है तो जनता के बुनियादी सवाल और आर्थिक मुद्दे देश की राजनीति के केंद्र बिंदु बन जाएंगे।
  • JNU
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    जेएनयू में छात्रा से छेड़छाड़ के मामले में एक व्यक्ति गिरफ़्तार, GSCASH बहाली की मांग
    24 Jan 2022
    जेएनयू की पीएचडी छात्रा के साथ विश्वविद्यालय परिसर में छेड़छाड़ की घटना घटी थी जिसने जेएनयू प्रशासन और दिल्ली की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए थे। घटना के 100 से अधिक घंटे के बाद रविवार को 27…
  • slaughter house
    सौरभ शर्मा
    अवैध बूचड़खानों पर योगी सरकार के प्रतिबंध से ख़त्म हुई बहराइच के मीट व्यापारियों की आजीविका 
    24 Jan 2022
    साल 2017 में भारतीय जनता पार्टी की सरकार ने अवैध बूचड़खानों पर प्रतिबंध लगा दिया, जिससे प्रत्यक्ष या परोक्ष रूप से मांस के कारोबार में शामिल हजारों लोगों के जीवन और उनकी आजीविका पर काफी बुरा असर पड़ा…
  • covid
    न्यूज़क्लिक टीम
    कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 3 लाख से ज़्यादा नए मामले, 439 मरीज़ों की मौत
    24 Jan 2022
    देश में 24 घंटों में कोरोना के 3,06,064 नए मामले सामने आए हैं। देश में एक्टिव मामलों की संख्या बढ़कर 5.69 फ़ीसदी यानी 22 लाख 49 हज़ार 335 हो गयी है।
  • hum bharat ke log
    शंभूनाथ शुक्ल
    हम भारत के लोग: झूठी आज़ादी का गणतंत्र!
    24 Jan 2022
    दरअसल सरकारें ग़रीब आदमी की बजाय पूंजीपतियों के हाथ में खेलती हैं इसलिए ग़रीबों का हक़ मारकर उनका पैसा अमीरों, दलालों, सत्तासीन वर्गों के पास चला जाता है। जब तक इस पर अंकुश नहीं लगेगा तब तक यह आज़ादी…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License