NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
अयोध्या विवाद पर श्री श्री रविशंकर के बयान के निहितार्थ
श्री रविशंकर ने अपनी ओछी मनोवृति का परिचय आखिर दे ही दिया, कल उन्होंने बोला कि 'अयोध्या विवाद का अगर जल्द हल नहीं निकला तो भारत भी सीरिया बन जाएगा'
गिरीश मालविया
06 Mar 2018
shri shri
सबरंग इंडिया

डबल श्री रविशंकर ने अपनी ओछी मनोवृति का परिचय आखिर दे ही दिया, कल उन्होंने बोला कि 'अयोध्या विवाद का अगर जल्द हल नहीं निकला तो भारत भी सीरिया बन जाएगा' इस तरह के बयान एक खास माहौल को बनाने में बेहद कारगर होते हैं, और मोदी सरकार ने ऐसे ही बयान देने के लिए तो यह मोहरा तैयार किया है, यह मोदीजी के लिए पला पलाया हुआ बच्चा है, जिसे जैसी मर्जी चाहे वह इस्तेमाल कर रहे हैं.

आप यदि सोच रहे हैं कि डबल श्री के मुँह से यह बात यू ही निकल गयी होगी तो आप बिलकुल गलत ट्रेक पर हैं पिछली बार भी लिख चुका हूँ कि 13 मार्च को सुप्रीम कोर्ट की अगली सुनवाई से पहले इस मामले को सबसे बड़ा मुद्दा बनाने की पूरी कोशिश की जाएगी यह इसी रणनीति के तहत दिया गया बयान है.

वैसे इन डबल श्री को कोई पसन्द भी नहीं करता, अयोध्या वाले मामले में यह मान न मान मैं तेरा मेहमान टाइप के व्यक्ति हैं. आंदोलन से जुड़े रहे बीजेपी के पूर्व सांसद राम विलास वेदांती ने पिछले साल ही इन पर प्रश्न उठा दिया था कि रविशंकर आख़िर किस हैसियत से वार्ता करने आ रहे हैं. वेदांती ने तो ये आरोप भी लगा दिए कि रविशंकर एनजीओ चलाते हैं और उनकी सक्रियता का मक़सद सिर्फ़ ये है कि वो अपने एनजीओ को जांच से बचा लें.

वेदांती का साफ़ कहना था कि मंदिर आंदोलन के लिए उन्होंने और विश्व हिन्दू परिषद से जुड़े तमाम दूसरे लोगों ने संघर्ष किया है और अब वार्ता करने के लिए श्री श्री रविशंकर क्यों आ रहे हैं ?

नदवी जैसे लोग इनकी बातों में फसकर बेआबरू होकर अपने कूचे से निकाले जा चुके है इन्होंने ही अमरनाथ झा जैसे मोहरे को आगे बढाया ओर वो पिट गया तो उसे अपना मोहरा मानने से इनकार कर दिया .

पिछले साल यही श्री श्री रविशंकर किसानों की ख़ुदक़ुशी पर अपनी राय देते हुए कह रहे थे कि 'किसान अध्यात्म की कमी की वजह से आत्महत्या कर रहे है' यह सरकार के लिए एक तरह के प्रेशर वॉल्व के जैसे काम करते हैं

इन्हें लगता है कि दो चार बयान देकर, थोड़ी सी ओढाई गयी तत्परता दिखा कर अगली बार के शांति के नोबेल पुरस्कार पर दावा तो ठोक ही दिया जाए. यही इनके जीवन की अब सबसे बड़ी साध बची हुई है, इस व्यक्ति की असलियत जितनी जल्दी लोगो के सामने आ जाए उतना ही अच्छा है.

Courtesy: सबरंग इंडिया
श्री श्री रविशंकर
राम मंदिर
सीरिया
उत्तर प्रदेश
अयोध्या
बीजेपी
आरएसएस

Related Stories

उप्र बंधक संकट: सभी बच्चों को सुरक्षित बचाया गया, आरोपी और उसकी पत्नी की मौत

नागरिकता कानून: यूपी के मऊ अब तक 19 लोग गिरफ्तार, आरएएफ और पीएसी तैनात

झारखंड चुनाव: 20 सीटों पर मतदान, सिसई में सुरक्षा बलों की गोलीबारी में एक ग्रामीण की मौत, दो घायल

झारखंड की 'वीआईपी' सीट जमशेदपुर पूर्वी : रघुवर को सरयू की चुनौती, गौरव तीसरा कोण

बढ़ते हुए वैश्विक संप्रदायवाद का मुकाबला ज़रुरी

यूनिफॉर्म सिविल कोड का मुद्दा भी बोगस निकला, आप फिर उल्लू बने

हमें ‘लिंचिस्तान’ बनने से सिर्फ जन-आन्दोलन ही बचा सकता है

यूपी-बिहार: 2019 की तैयारी, भाजपा और विपक्ष

असमः नागरिकता छीन जाने के डर लोग कर रहे आत्महत्या, एनआरसी की सूची 30 जुलाई तक होगी जारी

आरक्षण खात्मे का षड्यंत्र: दलित-ओबीसी पर बड़ा प्रहार


बाकी खबरें

  • New year
    राजेंद्र शर्मा
    कटाक्ष: नये साल के लक्षण अच्छे नजर नहीं आ रहे हैं...
    02 Jan 2022
    नहीं-नहीं, हम ओमिक्रॉन की बात नहीं कर रहे हैं। ओमिक्रॉन हमारे नये साल का सगुन नहीं बिगाड़ सकता। हम बात कर रहे हैं...
  • cartoon
    डॉ. द्रोण कुमार शर्मा
    तिरछी नज़र: हैप्पी न्यू ईयर सरकार जी!
    02 Jan 2022
    एक व्यंग्यकार के लिए नव वर्ष के अवसर पर व्यंग्य लिखते हुए शुभकामनाएं देना बहुत ही मुश्किल काम है। यह इतना ही मुश्किल काम है जितना मुश्किल काम है सरकार जी के लिए कुछ भी करना।
  • hafte ki baat
    न्यूज़क्लिक टीम
    2022 में सत्ता, सियासत और समाज
    01 Jan 2022
    नया साल भारत की सत्ता-राजनीति और समाज के लिए कैसा होगा? जनतंत्र का क्या होगा हाल? सत्ताधारियो और विपक्षियों के समक्ष क्या-क्या हैं बड़ी चुनौतियां? कश्मीर से कन्याकुमारी तक देश के सियासत की कैसी…
  • jewar airport
    न्यूज़क्लिक टीम
    जेवर एयरपोर्ट: दूसरे फेज़ के अधिग्रहण में किसान कर रहे बेहतर मुआवज़े की माँग
    01 Jan 2022
    जेवर एयरपोर्ट निर्माण के दूसरे फेज़ में 6 गाँव की 1344 हेक्टेयर ज़मीन का अधिग्रहण की ज़रूरत हैI इन गाँव के किसान 26 दिसंबर को एक महापंचायत में जुटे जिसमें इस बात पर आम सहमति बनाने की कोशिश हुई कि वे…
  • अनिल जैन
    साल 2021: भारत के 'तालिबानीकरण' की परियोजना सरकारी शक्ल लेती दिखी!
    01 Jan 2022
    हर कैलेंडर वर्ष अपने दामन में तमाम तरह की कड़वी-मीठी यादें समेटते हुए बिदा होता है। ये यादें अंतरराष्ट्रीय घटनाओं को लेकर भी होती हैं और राष्ट्रीय घटनाओं को लेकर भी। राजनीतिक, सामाजिक और आर्थिक, वि
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License