NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
कोविड-19
घटना-दुर्घटना
भारत
गुजरात : अस्पताल में आग लगने से कोविड-19 के 16 मरीजों सहित दो नर्सिंग स्टाफ की मौत
गुजरात के भरूच में अस्पताल में लगी आग में जान गंवाने वाले में कोविड-19 के 16 मरीज और दो नर्सिंग स्टाफ था।  मृतकों के रिश्तेदार शनिवार को इमारत के बाहर रोते-बिलखते नजर आए जो हादसे के लिए अस्पताल प्रशासन को जिम्मेदार ठहरा रहे थे।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट/भाषा
01 May 2021
गुजरात : अस्पताल में आग लगने से कोविड-19 के 16 मरीजों सहित दो नर्सिंग स्टाफ की मौत
फोटो साभार : जागरण

गुजरात के भरूच स्थित एक अस्पताल में लगी आग में जान गंवाने वाले कोविड-19 के मरीजों के रिश्तेदार शनिवार को इमारत के बाहर रोते-बिलखते नजर आए जो हादसे के लिए अस्पताल प्रशासन को जिम्मेदार ठहरा रहे थे।

वेल्फेयर अस्पताल के बाहर अफरातफरी दिखी जहां अधिकारी मृतकों के व्यथित रिश्तेदारों को शांत करने की कोशिश करते दिखाई दिए।

अस्पताल के भीतर, दृश्य और अधिक भयावह थे जहां हादसे की दिल दहला देने वाली तस्वीरों में कुछ मरीजों के शव स्ट्रेचरों और बिस्तरों पर जले हुए नजर आए।

राज्य की राजधानी अहमदाबाद से करीब 190 किलोमीटर दूर स्थित अस्पताल में आग लगने के बाद कोविड-19 के कम से कम 18 मरीजों की मौत हो गई।

एक प्रत्यक्षदर्शी ने कहा, ‘‘आग इतनी भीषण थी कि आईसीयू वार्ड जलकर खाक हो गया। वेंटिलेटर और दवाएं रखने के लिए फ्रिज के साथ ही बिस्तरों सहित अंदर रखे सभी उपकरण पूरी तरह जल गए।’’

कुछ मरीजों के शव इतनी बुरी तरह जल गए कि उनकी पहचान मुश्किल हो गई।

अस्पताल परिसर में एंबुलेंस और दमकल की गाड़ियों के सायरन सुनाई पड़ रहे थे जो वहां आग बुझाने के लिए साथ ही आग में सुरक्षित बचे मरीजों को दूसरे अस्पतालों में भेजने का काम कर रही थीं।

लोगों को अस्पताल के भीतर अपने प्रियजनों के सुरक्षित होने की खबर जानने की अथक कोशिश करते देखा गया।

राहत कार्यों में लगी टीमों के साथ ही कई स्थानीय लोगों को मरीजों को बाहर निकालते और एंबुलेंस वाहनों में पहुंचाते हुए देखा गया ताकि उन्हें पास के अस्पतालों में भर्ती कराया जा सके।

कई मरीजों को व्हीलचेयर पर या कपड़ों की मदद से बनाए गए स्ट्रेचरों पर लादकर निकाला गया।

जिला पुलिस के भी कई वाहन मौके पर पहुंचे ताकि कानून-व्यवस्था बनी रहे।

सिविल अस्पताल भेजे गए एक मरीज की रिश्तेदार आग के मलबे में उसकी फाइल ढूंढ़ती नजर आई।

उन्होंने कहा कि वह फाइल इसलिए ढूंढ़ रही हैं ताकि जिस अस्पताल में मरीज को ले जाया गया है, वह तत्काल उसका इलाज शुरू कर सके।

मोदी ने भरूच के अस्पताल में आग लगने की घटना में लोगों की मौत पर शोक जताया

 प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात के भरूच स्थित एक अस्पताल में आग लगने की घटना में लोगों की मौत पर शनिवार को दुख व्यक्त किया और उनके परिजनों के प्रति संवेदना प्रकट की।

मोदी ने ट्वीट कर कहा, ‘‘भरूच के एक अस्पताल में आग लगने से हुई मौतों से दुखी हूं। मेरी संवेदनाएं शोकसंतप्त परिवारों के साथ हैं।’’

अस्पताल में आग लगने से कोविड-19 के 16 मरीजों सहित दो नर्सिंग स्टाफ की मौत

 गुजरात के भरूच में एक अस्पताल में शुक्रवार देर रात आग लगने से कोरोना वायरस के कम से कम 18 लोगो  की मौत हो गई।

हादसे की दिल दहला देने वाली तस्वीरों में कुछ मरीजों के शव तक स्ट्रेचरों और बेड पर झुलसते हुए नजर आए।

एक अधिकारी ने बताया कि चार मंजिला वेलफेयर अस्पताल में देर रात एक बजे हुए इस हादसे के वक्त करीब 50 अन्य मरीज भी थे जिन्हें स्थानीय लोगों एवं दमकल कर्मियों ने सुरक्षित बाहर निकाला।

पुलिस के एक अधिकारी ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया, “सुबह साढ़े छह बजे की सूचना के मुताबिक, हादसे में मृतक संख्या 18 है। आग लगने के तुरंत बाद, हमें 12 मरीजों के मौत की पुष्टि की गई थी।”

भरूच के पुलिस अधीक्षक (एसपी) राजेंद्र सिंह चुड़ासमा ने बताया कि कोविड-19 वार्ड में 12 मरीजों की मौत आग और उससे निकले धुएं की वजह से हुई।

यह स्पष्ट नहीं है कि शेष छह मरीजों की मौत भी अस्पताल के भीतर ही हुई या उनकी मौत दूसरे अस्पतालों में ले जाने के दौरान हुई।

कोविड-19 के इलाज के लिए निर्धारित यह अस्पताल राजधानी अहमदाबाद से करीब 190 किलोमीटर दूर भरूच-जंबूसार राजमार्ग पर स्थित है और इसका संचालन एक न्यास करता है।

अधिकारी ने कहा कि आग के कारणों का पता लगाया जा रहा है।

दमकल के एक अधिकारी ने बताया कि आग पर एक घंटे के भीतर काबू पा लिया गया और करीब 50 मरीजों को स्थानीय लोगों एवं दमकल कर्मियों की मदद से सुरक्षित निकाला गया।

उन्होंने बताया कि इन मरीजों को पास के अस्पतालों में भर्ती कराया गया है।

Gujrat
Gujrat fire
Gujarat Hospital
COVID-19

Related Stories

कोरोना अपडेट: देश में कोरोना ने फिर पकड़ी रफ़्तार, 24 घंटों में 4,518 दर्ज़ किए गए 

कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 3,962 नए मामले, 26 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: देश में 84 दिन बाद 4 हज़ार से ज़्यादा नए मामले दर्ज 

कोरोना अपडेट: देश में कोरोना के मामलों में 35 फ़ीसदी की बढ़ोतरी, 24 घंटों में दर्ज हुए 3,712 मामले 

कोरोना अपडेट: देश में नए मामलों में करीब 16 फ़ीसदी की गिरावट

कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में कोरोना के 2,706 नए मामले, 25 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 2,685 नए मामले दर्ज

कोरोना अपडेट: देश में पिछले 24 घंटों में कोरोना के 2,710 नए मामले, 14 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: केरल, महाराष्ट्र और दिल्ली में फिर से बढ़ रहा कोरोना का ख़तरा

महामारी में लोग झेल रहे थे दर्द, बंपर कमाई करती रहीं- फार्मा, ऑयल और टेक्नोलोजी की कंपनियां


बाकी खबरें

  • JK
    अनीस ज़रगर
    कश्मीरः जेल में बंद पत्रकारों की रिहाई के लिए मीडिया अधिकार समूहों ने एलजी को लिखी चिट्ठी 
    16 Feb 2022
    मीडिया निकायों ने फहद की पत्रकारिता कार्य के विरुद्ध शुरू की गई सभी पुलिसिया जांच को वापस लेने का भी आह्वान किया। 
  • modi ravidas mandir
    राज वाल्मीकि
    रैदास मनुष ना जुड़ सके जब तक जाति न जात
    16 Feb 2022
    कई जगह दलितों का वोट प्राप्त करने के लिए भाजपा के नेता भी आज रैदास मंदिर में नमन कर रहे हैं। इसे देखकर एक अम्बेडकरवादी होने के नाते मैं असहज हुआ।
  • Greta Acosta Reyes
    ट्राईकोंटिनेंटल : सामाजिक शोध संस्थान
    वामपंथ के पास संस्कृति है, लेकिन दुनिया अभी भी बैंकों की है
    16 Feb 2022
    'जब हमारे समय की महान सांस्कृतिक बहसों की बात आती है, इतिहास की सुई लगभग पूरी तरह से वामपंथ की ओर झुक जाती है।लेकिन आर्थिक व्यवस्था के मामले में दुनिया बैंकों की है'।
  • UNEMPLOYMENT
    प्रभात पटनायक
    क्यों पूंजीवादी सरकारें बेरोज़गारी की कम और मुद्रास्फीति की ज़्यादा चिंता करती हैं?
    16 Feb 2022
    सचाई यह है कि पूंजीवादी सरकारों को बेरोजगारी के मुकाबले में मुद्रास्फीति की ही ज्यादा चिंता होना, समकालीन पूंजीवाद में वित्तीय पूंजी के वर्चस्व को ही प्रतिबिंबित करता है।
  • punjab
    न्यूज़क्लिक टीम
    अमृतसर: व्यापार ठप, नौकरियाँ ख़त्म पर चुनावों में ग़ायब मुद्दा
    16 Feb 2022
    भारत और पाकिस्तान के बीच व्यापार ख़त्म होने के बाद अमृतसर, तरन तारन और गुरदासपुर के हज़ारों लोग बेरोज़गार हो गए. इस व्यापार ने हज़ारों ट्रक ड्राइवरों, कुलियों, ढाबों को आबाद किया लेकिन अब सभी…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License