NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
कासजंग दंगे और उत्तर प्रदेश पुलिस की जाँच की असलियत : ग्राउंड रिपोर्ट
सवाल ये है कि इस तरह की कार्यवाहियाँ उनपर क्यों नहीं की जा रही जो “तिरंगा यात्रा” लेकर निकले थे ? ये जाँच इतनी एक तरफ़ा क्यों है ?
न्यूज़क्लिक प्रोडक्शन
31 Jan 2018

उत्तर प्रदेश के कासगंज में सांप्रदायिक दंगे के बाद मुस्लिम बहुल इलाकों में लगतार उत्तर प्रदेश पुलिस की कार्यवाहियाँ जारी हैं I गनतंत्र दिवस के मौके पर झंडा फहराने के बाद हुई झपड़ अब मस्जिदों और दुकानों में आग लगाये जाने तक पहुँच चुकी है I एक हिन्दू लड़के के क़त्ल और बाकि दो लोगों को ज़ख्मी किये जाने के मामले में जाँच से इलाके के मुसलमान दहशत में हैं क्योंकि उन्हें लगातार पुलिस द्वारा जाँच के नाम पर हिरासत में लिया जा रहा है I सवाल ये है कि इस तरह की कार्यवाहियाँ उनपर क्यों नहीं की जा रही जो “तिरंगा यात्रा” लेकर निकले थे ? ये जाँच इतनी एक तरफ़ा क्यों है ?

उत्तर प्रदेश
साम्प्रदायिकता
हिन्दू-मुसलिम
कासगंज
कासगंज दंगे
उत्तर प्रदेश पुलिस
बीजेपी

Related Stories

उप्र बंधक संकट: सभी बच्चों को सुरक्षित बचाया गया, आरोपी और उसकी पत्नी की मौत

नागरिकता कानून: यूपी के मऊ अब तक 19 लोग गिरफ्तार, आरएएफ और पीएसी तैनात

झारखंड चुनाव: 20 सीटों पर मतदान, सिसई में सुरक्षा बलों की गोलीबारी में एक ग्रामीण की मौत, दो घायल

झारखंड की 'वीआईपी' सीट जमशेदपुर पूर्वी : रघुवर को सरयू की चुनौती, गौरव तीसरा कोण

हमें ‘लिंचिस्तान’ बनने से सिर्फ जन-आन्दोलन ही बचा सकता है

यूपी-बिहार: 2019 की तैयारी, भाजपा और विपक्ष

असमः नागरिकता छीन जाने के डर लोग कर रहे आत्महत्या, एनआरसी की सूची 30 जुलाई तक होगी जारी

सोनभद्र में चलता है जंगल का कानून

यूपीः मेरठ के मुस्लिमों ने योगी की पुलिस पर भेदभाव का लगाया आरोप, पलायन की धमकी दी

अहमदाबाद के एक बैंक और अमित शाह का दिलचस्प मामला


बाकी खबरें

  • आर्ट गैलरी: प्रगतिशील कला समूह (पैग) के अभूतपूर्व कलासृजक
    डॉ. मंजु प्रसाद
    आर्ट गैलरी: प्रगतिशील कला समूह (पैग) के अभूतपूर्व कलासृजक
    27 Jun 2021
    “प्रगतिशील कला समूह के कलाकारों ने स्वतंत्रता उपरांत आधुनिक भारतीय कला के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभायी। इन कलाकारों ने देश की कला को राष्ट्रीय दायरे से बाहर निकाला और पाश्चात्य कला की तकनीक एवं…
  • स्पेशल रिपोर्ट: बनारस की गंगा में 'रेत की नहर' और 'बालू का टीला'
    विजय विनीत
    स्पेशल रिपोर्ट: बनारस की गंगा में 'रेत की नहर' और 'बालू का टीला'
    27 Jun 2021
    काशी में उत्तरवाहिनी गंगा की सेहत स्वयंभू पुत्र ने ही बिगाड़ दी है। नदी का अर्धचंद्राकार स्वरूप तहस-नहस हो गया है। ललिता घाट पर हुए निर्माण से गंगा का प्राचीन स्वरूप बिगड़ गया है और इसके गंभीर नतीजे…
  • वाकई! दाग़ भी अच्छे होते हैं
    डॉ. द्रोण कुमार शर्मा
    वाकई! दाग़ भी अच्छे होते हैं
    27 Jun 2021
    किसी व्यक्ति के कपड़ों पर लगा सरसों के तेल का दाग़ अच्छा होता है और देशवासियों का स्विस बैंक में जमा रकम बढ़ने का दाग़ भी। पहला दाग़ बताता है कि घर में मुफ़लिसी नहीं है...। दूसरा दाग़ बताता है कि देश…
  • झरोखा: कलकत्ता में अलग-अलग रंग हैं, श्रीराम की एकरसता नहीं!
    शंभूनाथ शुक्ल
    झरोखा: कलकत्ता में अलग-अलग रंग हैं, श्रीराम की एकरसता नहीं!
    27 Jun 2021
    “मैं क़रीब पौने तीन साल कलकत्ता में रहा, लेकिन इसका हर क्षण मैंने जिया। इसीलिए मैं कहता हूँ, कि अगर आपने कलकत्ता को नहीं जिया तो आप ज़िंदा रहते हुए भी मृत हो।” वरिष्ठ पत्रकार शंभूनाथ शुक्ल का संस्मरण
  • कश्मीर बैठक माने डिलिमिटेशन+चुनाव और इमर्जेंसी बनाम 'इमर्जेंसी'
    न्यूज़क्लिक टीम
    कश्मीर बैठक माने डिलिमिटेशन+चुनाव और इमर्जेंसी बनाम 'इमर्जेंसी'
    26 Jun 2021
    प्रधानमंत्री ने कश्मीर पर उन्हीं नेताओं की बैठक क्यों बुलाई, जिन्हें उनकी सरकार ने 'गुपकार गैंग' कहा था? बैठक में क्या हुआ और उसके बुलाने का असल वजह क्या था? इसके अलावा इस सप्ताह देश ने तानाशाही के…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License